कपड़ों की दुकान से डेड स्टॉक (Dead Stock) कैसे निकालें और फंसी हुई पूंजी कैसे छुड़ाएं?
न बिकने वाला माल आपकी दुकान का मुनाफा और वर्किंग कैपिटल दोनों खा जाता है। जानिए डेड स्टॉक को तेजी से लिक्विडेट करने के आसान तरीके।
गारमेंट रिटेल में डेड स्टॉक वह दीमक है जो चुपके से दुकान की सारी कमाई चट कर जाता है। फैशन के दौर में 6 महीने पुराना कपड़ा ग्राहक को बासी लगने लगता है।
डेड स्टॉक को तेजी से खाली करने के 4 तरीके
- क्लियरेंस और लास्ट चांस रैक: दुकान के एक हिस्से में 40-50% का क्लियरेंस रैक बनाएं। यहां मकसद मुनाफा कमाना नहीं, बल्कि फंसी हुई पूंजी को निकालना है।
- बंडल ऑफर (कॉम्बो): नए और सबसे ज्यादा बिकने वाले कपड़ों के साथ पुराने माल को जोड़कर बेचें। जैसे, 'जींस खरीदने पर टी-शर्ट आधी कीमत पर'।
- समय पर डिस्काउंट: सालभर बाद 80% नुकसान उठाने से बेहतर है कि 45 दिन बाद ही 15% छूट देकर माल निकाल दिया जाए।
- सप्लायर एक्सचेंज: होलसेल सप्लायर से बात करके न बिकने वाले पीस को नए रनिंग स्टॉक से बदलें।
RetailNode ERP का समाधान
RetailNode ERP अपने एजिंग डैशबोर्ड पर साफ दिखाता है कि कौन सा बारकोड 45 या 90 दिनों से नहीं बिका है, जिससे आप समय रहते एक्शन ले सकते हैं।
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